क्या आपको भी लगता है कि अगर मैंने ये काम किया और इसका result नहीं आया तो क्या होगा? तो जरा गौर करियेगा आपके आसपास क्या कोई भी एक इंसान ऐसा है जो आपकी ही तरह action लेने ले रहा है, आपने तो अभी बस सोचा है किसी Course को join करने के लिए वही कोई दूसरा उसे पूरा कर रहा है,
मान लेते है की अंत आपके हिसाब से होता है की उसे कोई फ़ायदा नहीं हुआ इस course को लेने का,
लेकिन क्या जानकारी पूरी तरह से बर्बाद हो जाएगी, जी नहीं, उसी जानकारी से कोई ना कोई नया रास्ता ज़रूर निकल आयेगा जिससे इंसान अपने life में कुछ ना कुछ अच्छा कर लेगा,
आपने कभी गौर किया है आप बचपन में हर महीने कुछ ना कुछ नया करते थे, हर महीने आपके शौक बदल जाया करते थे, और उस समय आप football भी खेलते थे, Dance भी करते थे, Cricket भी खेलते थे, आप एक ही समय में बहुत सारी चीज़ें कर रहे होते थे,
आपको क्या लगता है कि आज वो decisions से आपका बस समय बर्बाद हुआ ?
जरा सोच के बताइए, क्या आपने अपने बचपन को enjoy नहीं किया, क्या आपने अलग अलग skill नहीं सीखे, क्या आपने अपने health को इससे बेहतर नहीं बनाया,
क्या इससे आपका brain develop नहीं हुआ, 1% हो सकता है कि आप Cricketer नहीं बन पाये, लेकिन 99% जो positive चीज़ें हुई आपके लाइफ में इस वजह से क्या आपने इसे measure किया? नहीं, शायद आपका ध्यान ही नहीं गया होगा,
अगर आप नए decisions को लेंगे नहीं तो आप उसमे पास होंगे या फेल होंगे आप ये कैसे confirm कर सकते है, इस समय आप बस एक assumption दे सकते है की शायद आपका ये समय बर्बाद हो सकता था, या जो भी आपके मन में चल रहा था उस समय,
आज Decision लेने का डर कल opportunity देखने ही नहीं देगा,
मैं सबसे पहले अपने बारे में ही बताना चाहूँगा आपको, 2007 में financial condition ऐसी थी मेरी की मैं एक luggage bag भी नहीं ख़रीद सकता था, parents का support नहीं था, परिवार के हालात ऐसे की 12th के बाद काम करना शुरू करना मजबूरी थी, कोई रास्ता नहीं, कुछ नहीं बस survive करना पहली priority थी,
कुछ पहचान के लोगो के support के साथ एक 1500 की जॉब शुरू करी, 3 महीने के बाद लगा कुछ improvement चाहिए, अगली जॉब 3000 की, अनजाने में इस दौरान Counter Sale सीखता गया, जो पता नहीं था पहले लेकिन जब कुछ दिनों के बाद direct sales जॉइन किया, Classified portal के लिए काम किया तो लगा की पिछले 3 साल जो मैंने counter sales किया उससे मेरे अंदर skill develop हुई की मैं किसी से बात कर पाऊं,
उसके बाद ख़ुद ही एक classified portal launch किया, वहाँ भी क़रीब 5000 clients के साथ काम करते हुए, अगला venture जहाँ telecom business services देना शुरू किया,
उसके बाद 2017 से Content Creation शुरू कर दिया, और आज 2026 में आप मुझे यहाँ देख रहे है, आज मैं habit के बारे में बात कर रहा हूँ,
इस दौरान मैंने बहुत सारे उतार चढ़ाव देखे, कई बार तो इतना ज़्यादा pressure महसूस किया कि लगा की अब बस मेरा career ख़त्म, शायद इसी की डर से anxiety का शिकार भी हो गया, तब तो लगा जैसे की मेरे परिवार का क्या हुआ,
लेकिन सच कहूँ तो यहाँ तक पहुँचने में सबसे बड़ा योगदान ये था कि मैं Quick decisions ले रहा था, फेल भी हो रहा था लेकिन कभी मैं रुका नहीं, चाहे चीज़ें मेरे हिसाब से काम कर रही हो या नहीं, हमेशा मैं कुछ ना कुछ कर ही रहा था, मैं भी बहुत सारे लोगो की तरह average ही रहा हूँ, लेकिन शुरू से लगा की अगर कुछ नहीं किया तो भी शायद हमेशा regret ही होगा, इसलिए कभी रुका नहीं बस चलता रहा,
आज जहाँ भी मुझे मुझे अपना कंधा ख़ुद ही थपथपाने का मन होता, मैं ख़ुद से ही कहता हूँ I proud of my self,
अगर आप decision लेने से डरते हो तो आप उसे आगे का रास्ता कभी देख ही पाओगे, हाँ आपके पास enough information भी होना चाहिए, लेकिन बहुत सारे छोटे छोटे फैसले जो अगर फेल भी हो जाये तो आप कुछ नहीं हारोगे, ये आपको भीतर से मजबूत करेगी और आपको confidence भी देंगी,
अगर आप अपने life में हर छोटे decisions को लेते समय हमेशा डरते हो की अगर मैं ग़लत हो गया तो क्या होगा, तो अपनी feeling से लड़ो मत बस इसलिए practical बनाओ, अपने अंदर कुछ हैबिट को build करके,
- Fast decisions
- Review
- Learn
Fast decision – स्थिति को ध्यान में रख कर आगे बढ़ो
अगर आप अपने हर फैसले को लेने से पहले सोचते हो, जो बहुत छोटे है जो reversible है जिसे बदला जा सकता है या अगर इसका result अगर आपके प्रतिकूल आया तो भी आपको बहू ज़्यादा नुक़सान नहीं होगा, ऐसे फैसले को भी नहीं लेते क्योंकि आपको डर लगता है तो ध्यान रखो,
अगर आप कोई Book ख़रीद रहे हो जिससे आपको acceptation high है और आपको लग रहा है की क्या इससे मेरी acceptation पूरी होगी, कहीं मेरे पैसे बर्बाद ना हो जाये, तो सोचो की इससे क्या होगा,
जितनी भी जानकारी यहाँ होगी ये भी आपके काम आने वाली है जो कहीं ना कहीं आप इस्तेमाल कर लेंगे, कोई course join करने से पहले आपको लगता है की कहीं पैसे waste ना हो जाये इस वजह से आप कुछ नया करते ही नहीं हो,
ये सोचो की इससे क्या बिगड़ जाएगा ज़्यादा से ज़्यादा,
अगर उसका impact बहुत ज़्यादा नहीं होगा तो आप वो decision ले सकते हो, बस स्थिति को आपको पहले देखना होगा, उसे calculate करना होगा,
Review – decision लेते समय डर को देखो
कोई भी life की decisions जब आप नहीं ले पा रहे हो, तो ये देखो की इसकी वजह क्या है, आख़िर किस वजह से आप ये फैसला आप नहीं ले पा रहे हो और उसे review करो, कहीं लिखो और देखो की आख़िर वजह क्या है,
मान लो की आप कोई Course नहीं join करना चाहते, इसकी वजह लिखो
- पैसे बर्बाद होने का डर है
- क्या इस course से कोई result मिलेगा भी
- आपका समय बर्बाद हो जाएगा
- आप फेल हो जाओगे
- या आपको कुछ नया करने से डर लगता है,
- आप अपने comforte zone को नहीं छोड़ना चाहते
लेकिन अगर आप इसे रिव्यू करते हो तो क्या होगा –
- पैसे बर्बाद होंगे, कितने होंगे, कोई बात नहीं अगर इस पैसे के जाने से मेरे life में बहुत कुछ नहीं बदलेगा तो एक बार try किया जा सकता है,
- अगर result नहीं भी निकला तो क्या हुआ, कुछ तो नया सीखने को तो जरूर ही मिलेगा,
- समय तो अभी भी बर्बाद हो ही रहा है जब मैं कुछ नहीं कर रहा हूँ तो
- फेल हो जाऊँगा कोई बात, क्या पता ये मेरे काम की हो
- नया करने से डरना क्या, अगर कुछ बिगड़ेगा नहीं मतलब कुछ तो positive होगा
- Comfort zone से बाहर की दुनिया देखते है जरा क्योंकि बस बैठे रहने से भी कुछ नहीं बदलेगा
जैसे ही आप अपने ही thoughts counter करना शुरू कर देते है, आपके अंदर confidence बढ़ा जाता है, जब बहुत सारे आपके doubt ऐसे होते है यहाँ जो कभी सच ही नहीं होते, ये बस आपका वहम होता है, आपने बस एक assumption set किया हुआ होता है,
Learn – अपने mistakes को review की तरह लो
अगर मान लो आपका कोई फ़ैसला fail हो गया तो इससे सीखो, की आख़िर मुझसे गलती कहाँ हूँ,
क्या ये गलती मेरे हाथ में थी सुधारना, या इसे बस होना था, अगर होना था तो उसे आप control नहीं कर सकते थे, लेकिन अगर आपसे कोई गलती हो भी गई है तो आप उससे सीखो, ना की डर के कोई नया decision ही ना लो,
आपको इस बार की सिख के साथ फिर से नए फैसले लेने चाहिए ताकि आप फिर से खड़े हो सको,
जब इस तरह से आप आगे बढ़ोगे तो कभी भी कोई decision लेने से नहीं डरोगे, इससे आप अपने self को improve करोगे, क्योंकि आपके mistakes आपको ये बताते है की आपको क्या नहीं करना चाहिए,
बड़ी बड़ी कंपनियों जब भी कोई नया product लांच करती है तो पहले उसकी testing करती है कि इसका result कैसा है, और इसके लिए बहुत खर्च भी करती है,
क्योंकि इसी से improvement दिखाई देता है, अगर आप कोई action लोगे ही नहीं तो आप कुछ नया सीख ही नहीं पाओगे, जब आप एक बार अपने डर के उस पार देखना शुरू कर देते हो आप जितने लगते हो, क्योंकि आपकी आदत अब negative नहीं बल्कि struggle के बाद जो आप achieve करने वाले हो उसे देखना शुरू कर देती है,
Conclusion
आपके आसपास ऐसे कई लोग है जो एक ही तरह से जी रहे है, वो नए फ़ैसले नहीं लेते, धीरे धीरे उनकी skill outdated हो जाती है और रो relevancy खो देते है, यही वजह है कि एक समय पर उन्हें बहुत कुछ मिल जाता है, लेकिन धीरे धीरे वो सब कुछ खोना शुरू कर देते है,
नए फैसले लेने से पहले बस calculate करो की इसमें risk कितना है, अगर risk बहुत ज़्यादा नहीं है तो quick decision लो, क्योंकि तभी आप उसके आगे देख सकोगे, मेरे हिसाब से अगर आपका फ़ैसला आपको बहुत ज़्यादा negative impact नहीं देती है तो वो decision आपके लिए सही हो सकता है,
क्योंकि ये आपके लिए नया रास्ता खोलेगी, इसलिए decisions लो फेल भी हो सकते हो लेकिन रुको मत, आगे बढ़ते रहो,
उम्मीद है इस पोस्ट से आपके सोचने का तरीका बदलेगा, कोई प्रश्न या सुझाव हो तो अभी comment में लिखो, आपके कीमती समय के लिए दिल से धन्यवाद, आपका दिन हमेशा शुभ रहे।
Ye post kaam ka laga? Inme se aapki problem kaunsi hai?
Har ebook ek problem ka seedha hal hai. Jo baat aap par fit baithe, use kholiye.















